News: West Jamshedpur


शिक्षा, रोजगार, तकनीक एवं नेतृत्व के अवसर महिलाओं तक समान रूप से पहुँचें: सरयू राय


01 June 2026 | Ranchi

"विकसित भारत हेतु महिला नेतृत्व" विषय पर हवाई नगर में एक दिवसीय गोष्ठी का आयोजन

महिलाओं को शिक्षा, आत्मनिर्भरता एवं नेतृत्व का अवसर मिलने पर पूरा समाज प्रगति करता है: नवीन जायसवाल

विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा जब महिलाओं की सहभागिता हर क्षेत्र में निर्णायक होगी: समीर सिंह

समाज एवं प्रशासन मिलकर महिलाओं को नेतृत्व के अधिक अवसर प्रदान करें: रवीन्द्र कुमार सिंह

सामाजिक कार्यों एवं जनसेवा के लिए कई जनप्रतिनिधियों को एस.एन. सिन्हा एजुकेशनल ट्रस्ट की ओर से “प्रोफेसर नरेंद्र सिंह अवार्ड” से नवाजा गया।

एस.एन. सिन्हा एजुकेशनल ट्रस्ट के संस्थापक अध्यक्ष, स्वर्गीय (प्रो.) एम.पी. सिंह जी की 87वीं जयंती के अवसर पर ‘‘विकसित भारत हेतु महिला नेतृत्व’’ विषय पर एक दिवसीय गोष्ठी का आयोजन एस.एन. सिन्हा एजुकेशनल ट्रस्ट की ओर से किया गया।

इस गोष्ठी के मुख्य अतिथि पूर्व मंत्री-सह-जमशेदपुर पश्चिम के विधायक, सरयू राय ने अपने संबोधन में कहा कि आज भारत एक नए युग की ओर अग्रसर है। आने वाला समय अत्यंत उज्ज्वल भविष्य लेकर आएगा, क्योंकि अब प्रत्येक क्षेत्र में मातृशक्ति का नेतृत्व निरंतर मजबूत हो रहा है। महिलाएँ केवल परिवार की आधारशिला नहीं हैं, बल्कि वे समाज, प्रशासन, शिक्षा, उद्योग, राजनीति एवं राष्ट्र निर्माण की सबसे बड़ी शक्ति बनकर उभर रही हैं।

श्री राय ने आगे कहा की महिलाओं को विकसित नहीं होना है, अब उनके नेतृत्व में विकसित भारत का निर्माण होना है। जब महिला नेतृत्व आगे बढ़ती है, तब समाज में संवेदनशीलता, पारदर्शिता एवं विकास की गति स्वतः बढ़ती है। प्रधानमंत्री द्वारा विकसित भारत का जो संकल्प लिया गया है, उसमें महिलाओं की भागीदारी सबसे महत्वपूर्ण तत्व है। आज गाँव की पंचायत से लेकर देश की संसद तक महिलाओं की सक्रिय भूमिका भारत की नई पहचान बन रही है। हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि शिक्षा, रोजगार, तकनीक एवं नेतृत्व के अवसर महिलाओं तक समान रूप से पहुँचें। यही विकसित भारत की सच्ची दिशा होगी।

गोष्ठी के विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद हटिया के विधायक, नवीन जायसवाल ने अपने संबोधन में कहा कि आज भारत परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है और इस परिवर्तन की सबसे बड़ी शक्ति हमारी महिलाएँ हैं। जब महिलाओं को शिक्षा, आत्मनिर्भरता एवं नेतृत्व का अवसर मिलता है, तब पूरा समाज प्रगति करता है। राज्य एवं केंद्र सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण हेतु अनेक योजनाएँ चला रही हैं। आज महिलाएँ प्रशासन, राजनीति, खेल, शिक्षा एवं उद्यमिता में नई ऊँचाइयाँ प्राप्त कर रही हैं। हमें युवाओं विशेषकर छात्राओं को यह विश्वास देना होगा कि वे केवल सहभागी नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की निर्णायक शक्ति हैं।

राँची नगर निगम के उप महापौर, नीरज कुमार ने विशिष्ट अतिथि के तौर पर कहा कि महिला नेतृत्व केवल एक विचार नहीं, बल्कि सामाजिक परिवर्तन की सबसे प्रभावी शक्ति है। आज महिलाएँ नगर विकास, स्वच्छता, शिक्षा, स्वास्थ्य एवं सामाजिक जागरूकता जैसे क्षेत्रों में महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं। रांची नगर निगम निरंतर महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने एवं उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य कर रहा है। जब महिलाओं को निर्णय प्रक्रिया में उचित स्थान मिलता है, तब विकास अधिक संवेदनशील एवं जनहितकारी बनता है। विकसित भारत का निर्माण तभी संभव है जब हर महिला आत्मविश्वास, सम्मान एवं अवसर के साथ आगे बढ़े। आज महिला नेतृत्व समाज की नई शक्ति बनकर उभर रहा है। नगर प्रशासन से लेकर सामाजिक विकास तक महिलाओं की भागीदारी लगातार बढ़ रही है। हमारा प्रयास है कि महिलाओं को सुरक्षित, स्वावलंबी एवं सम्मानजनक वातावरण मिले ताकि वे समाज के हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें। महिला सशक्तिकरण केवल महिलाओं का विषय नहीं, बल्कि पूरे समाज एवं राष्ट्र के विकास का आधार है। 

विशेष संबोधन में महिला एवं बाल विकास विभाग के पूर्व निदेशक रह चुके सेवानिवृत आईएएस अधिकारी रवीन्द्र कुमार सिंह ने कहा कि महिलाओं एवं बाल विकास के क्षेत्र में निरंतर सकारात्मक प्रयास किए जा रहे हैं। महिलाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण, सुरक्षा एवं आत्मनिर्भरता को मजबूत करने के लिए अनेक सरकारी योजनाएँ प्रभावी रूप से लागू की जा रही हैं। आज आवश्यकता इस बात की है कि समाज एवं प्रशासन मिलकर महिलाओं को नेतृत्व के अधिक अवसर प्रदान करें। जब महिलाएँ सशक्त होंगी, तभी समाज सशक्त होगा।

मुख्य वक्ता के रूप में प्रोफेसर हेमंतिका सेन गुप्ता ने कहा कि ‘‘विमेन लेड-डेवलपमेंट फॉर विकसित भारत’’ महज एक नारा नहीं, बल्कि 21वीं सदी के भारत की विकास यात्रा का मूल दर्शन है। विश्व के अनेक शोध यह सिद्ध कर चुके हैं कि जिन समाजों में महिलाओं की भागीदारी अधिक होती है, वहाँ आर्थिक विकास, सामाजिक स्थिरता एवं लोकतांत्रिक मूल्यों की स्थिति अधिक मजबूत होती है। भारत की महिलाएँ आज विज्ञान, शिक्षा, प्रशासन, रक्षा, राजनीति एवं उद्यमिता के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अपनी पहचान बना रही हैं। हमें ऐसी सामाजिक एवं शैक्षणिक व्यवस्था विकसित करनी होगी जहाँ हर बालिका आत्मविश्वास के साथ अपने सपनों को साकार कर सके। महिला नेतृत्व संवेदनशीलता, सहनशीलता एवं समावेशी विकास का प्रतीक है। विकसित भारत का भविष्य महिला नेतृत्व से ही सशक्त होगा।

एस.एन. सिन्हा एजुकेशनल ट्रस्ट के सचिव, श्री सुधीर कुमार (समीर सिंह) ने सभी मुख्य अतिथियों, विशिष्ट अतिथियों, शिक्षकों, विद्यार्थियों एवं मीडिया प्रतिनिधियों का हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन करते हुए अपने स्वागत संबोधन में कहा कि आज का यह ऐतिहासिक अवसर हम सभी के लिए अत्यंत गौरव एवं प्रेरणा का विषय है। स्वर्गीय प्रोफेसर एन.पी. सिंह जी की 87वीं जयंती के अवसर पर आयोजित ‘‘विमेन लेड-डेवलपमेंट फॉर विकसित भारत’’ विषयक यह गोष्ठी केवल एक शैक्षणिक आयोजन नहीं, बल्कि सामाजिक चेतना एवं राष्ट्र निर्माण का एक सशक्त अभियान है। प्रोफेसर एन.पी. सिंह जी ने सदैव शिक्षा को समाज परिवर्तन का सबसे प्रभावी माध्यम माना। 

आज उसी विचारधारा को आगे बढ़ाते हुए एस.एन. सिन्हा एजुकेशनल ट्रस्ट महिला नेतृत्व, सामाजिक समरसता एवं विकसित भारत के संकल्प को सशक्त करने हेतु प्रतिबद्ध है। हमारा विश्वास है कि जब महिलाओं को नेतृत्व का अवसर मिलता है, तब समाज में संवेदनशीलता, प्रगति एवं सकारात्मक परिवर्तन स्वतः दिखाई देता है। विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा जब महिलाओं की सहभागिता हर क्षेत्र में निर्णायक होगी।

गोष्ठी के उपरांत सरयू राय, नवीन जायसवाल, नीरज कुमार एवं अन्य अतिथियों द्वारा सत्येन्द्र नारायण सिन्हा इंस्टिट्यूट ऑफ़ अलाइड हेल्थ साइंसेज पैरामेडिकल कौंसिल झारखण्ड सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त कोर्स का शुभारम्भ किया गया।

इस अवसर पर समाज में सकारात्मक परिवर्तन एवं जनसेवा के प्रति समर्पित व्यक्तियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से रांची जिला के विभिन्न पंचायतों एवं नगर निकायों से जुड़े जनप्रतिनिधियों को उनके उत्कृष्ट सामाजिक कार्यों एवं जनसेवा के लिए मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों द्वारा “प्रोफेसर नरेंद्र सिंह अवार्ड” से सम्मानित किया गया, यह अवार्ड पानेवालों में मुख्य रूप से शामिल हैं-

श्रीमती परमिला देवी, मुखिया, तामार वेस्ट पंचायत 
श्रीमती अर्चना टोप्पो, मुखिया, सोपारण पंचायत 
श्री शशि सिंह, वार्ड पार्षद
श्रीमती सुनीता तिग्गा, वार्ड पार्षद
श्री अजीत कच्छप, वार्ड पार्षद, वार्ड संख्या - 34 
श्री शीला सिंह, वार्ड पार्षद, वार्ड संख्या - 39
श्रीमती नीलम चौधरी, वार्ड पार्षद, वार्ड संख्या - 45 
श्री परमेश्वर सिंह, वार्ड पार्षद, वार्ड संख्या - 37

एस.एन. सिन्हा एजुकेशनल ट्रस्ट के विभागाध्यक्ष, प्रोफेसर परमल सिंह तोमर ने धन्यवाद ज्ञापन करते हुए कहा कि आज का यह कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ, इसके लिए मैं सभी सम्मानित अतिथियों, वक्ताओं, शिक्षकों, विद्यार्थियों एवं आयोजन समिति के सदस्यों के प्रति हृदय से आभार व्यक्त करता हूँ। विशेष रूप से हमारे मुख्य अतिथि माननीय श्री सरयू राय जी एवं सभी विशिष्ट अतिथियों का धन्यवाद, जिन्होंने अपने प्रेरणादायी विचारों से कार्यक्रम को नई दिशा प्रदान की। मैं मीडिया एवं प्रेस के सभी साथियों का भी विशेष धन्यवाद करता हूँ, जो समाज की सकारात्मक पहल को जन-जन तक पहुँचाने का महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। आइए, हम सभी मिलकर महिला नेतृत्व के माध्यम से विकसित भारत के निर्माण हेतु संकल्पित हों।

इस गोष्ठी में मुख्य रूप से संस्थान के डॉ. के.के. सिंह प्रधानाचार्य, गी.एस. सिन्हा, आर. एस.पी. सिंह, अवधेश कुमार सिंह, अखिलेश सिंह, जीतेन्द्र कुमार सिंह, धर्मेन्द्र कुमार सिंह, मनोज कुमार सिंह, बिभूति नंदन प्रसाद, बिजय कुमार, जीतेन्द्र यादव, शिव पर्सन प्रसाद, आफताब आलम, हिर्मिला हस्सा, कदम लागुरी, इस्माइल आलम, पवन ओझा, त्रिलोचन सिंह देओ, रेनू कुंवर, गुडिया कुमारी, मानसी कुमारी, बबिता कुमारी, पल्लवी बारा, पंकज कुमार शास्त्री, मेरी मार्टिना, सुधा कुजूर, संगीता टोप्पो आदि उपस्थित थी।

#Saryu Roy         #MLA West Jamshedpur #Viksit Bharat         #Women Led Development         #Women Empowerment         #Leadership #Education #Social Change