अंडर 14 बाल-बालिका वर्ग में खोखो टीम, पोटका का दबदबा
25 January 2026 | जमशेदपुर
सरयू राय ने किया खोखो चैंपियनशिप का उद्घाटन
पूर्वी सिंहभूम जिला खोखो एसोसिएशन के तत्वावधान में बीते शनिवार को कोल्हान प्रमंडलीय खोखो चैंपियनशिप 2026 का सफलतापूर्वक आयोजन और समापन हुआ। मुख्य अतिथि जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय थे। उन्होंने चैंपियनशिप हेतु निर्मित खोखो कोर्ट का विधिवत पूजा अर्चना के उपरांत नारियल फोड़ कर उद्घाटन किया। उन्होंने अपने संबोधन में खोखो खेल की उपयोगिता एवं लाभों पर प्रकाश डालते हुए खिलाड़ियों को अन्य जिलों से आई खोखो टीमों को और आयोजन समिति को अपनी शुभकामना दी। खिलाड़ियों को बेहतर प्रदर्शन और सुरक्षित खेल के लिए प्रोत्साहित किया। पूर्वी सिंहभूम जिला खोखो एसोसिएशन द्वारा आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं एवं जिले की खिलाड़ियों की उपलब्धियों की उन्होंने तारीफ की और आगामी प्रतियोगिताओं के लिए अपनी शुभकामनाएं दी।
इस चैंपियनशिप में कोल्हान अनुमंडल के तीनों जिले से आए हुए सर्वश्रेष्ठ 24 टीमों के बीच जबरदस्त मुकाबला हुआ। सभी मैच नॉकआउट आधार पर खेले गए। इस चैंपियनशिप को कुल दो आयु वर्गों-अंडर 14 बालक/ बालिका और अंडर 18 बालक/बालिका वर्ग के बीच आयोजित किया गया था।
चैंपियनशिप का रिजल्टः
अंडर 14 बालक वर्ग में विजेता पोटका की टीम रही जबकि उपविजेता डीके स्पोर्ट्स रहा। अंडर 14 बालिका वर्ग की विजेता श्री कृष्णा पब्लिक स्कूल बागबेड़ा ब्रांच रही जबकि उपविजेता पोटका की टीम रही। अंडर 18 बालक वर्ग में विजेता संत जी डी एस अकेडमी की टीम रही जबकि उपविजेता श्री कृष्णा पब्लिक स्कूल बिष्टुपुर की टीम रही। अंडर 18 बालिका वर्ग में विजेता संत जीडीएस अकेडमी की टीम रही जबकि उपविजेता होली क्रॉस स्कूल की टीम रही।
समापन समारोह के मौके पर विशिष्ट अतिथि श्रवण कुमार (केबीके सामाज सेवी संगठन के अध्यक्ष), रांची के जाने-माने समाजसेवी ऐरोन और समाजसेवी नरेश लाल ने विजेता एवं उपविजेता टीमों को ट्रॉफी और मेडल देकर सम्मानित किया। जिला खोखो एसोसिएशन के सचिव विक्टर विजय समद ने अतिथियों का स्वागत किया। कार्यक्रम का संचालन एम अरशद और डोबो चाकिया ने किया जबकि धन्यवाद ज्ञापन संयुक्त सचिव दयाल सिंह मेहरा ने दिया। इस चैंपियनशिप को सफल बनाने में मुख्य रूप से तकनीकी विशेषज्ञ के रूप में उषा बाखला, अजय महंती, डब्लू रहमान, एम अरशद, दयाल सिंह मेहरा, अरबाज खान, सोनू कुमार, मोहन श्रीवास्तव, वीरेंद्र कुमार मिश्रा, के गोपाल राव, स्वामी सर, राजू राव एवं अन्य का विशेष योगदान रहा।